हैती में जीवन के सभी चरणों को समेटने वाली एकीकृत राज्य-व्यवस्था नहीं है। सार्वजनिक बुनियादी सेवाओं के साथ लक्षित सामाजिक सुरक्षा, परिवार, रिश्तेदार, मेज़बान परिवार, समुदाय, गैर-सरकारी संगठन और मानवीय सहायता के मामले में काम करने वाली संस्थाएँ मौजूद हैं। किस संस्था की जिम्मेदारी होगी, यह मामले पर निर्भर करता है: MAST सामाजिक मामलों और श्रम का मंत्रालय है, IBESR सामाजिक कल्याण और शोध संस्थान है, MENFP राष्ट्रीय शिक्षा और व्यावसायिक प्रशिक्षण का मंत्रालय है; नागरिक स्थिति कार्यालय जन्म और पहचान से जुड़ी अन्य घटनाओं का रिकॉर्ड रखते हैं। ONA, OFATMA, BSEIPH और जनस्वास्थ्य एवं जनसंख्या मंत्रालय भी खास समूहों या जोखिमों के लिए सेवाएँ देते हैं। पहुँच अक्सर असुरक्षा, दस्तावेज़ों, अंशदान, उम्र, स्थान और सुरक्षा पर निर्भर करती है। परिवहन, स्कूल और दस्तावेज़ों की लागत तथा अनौपचारिक प्रक्रियाएँ पहुँच रोक सकती हैं; हर सेवा के लिए राष्ट्रव्यापी शुल्क या लाभ-सारणी सत्यापित नहीं है।
हैती में जीवन के चरण
हैती में जीवन के विभिन्न चरणों को सार्वजनिक सेवाओं, लक्षित सामाजिक सुरक्षा, घर-परिवार और समुदाय की सहायता तथा गैर-सरकारी या मानवीय मदद के बिखरे हुए मिश्रण से सहारा मिलता है। जन्म-पंजीकरण, शिक्षा, काम, वयस्कता, वृद्धावस्था, देखभाल और संकट-सहायता के लिए अलग-अलग प्राधिकरण और पहुँच-शर्तें हैं। प्रमुख आयु-सीमाएँ हैं: 18 वर्ष में वयस्कता, 6 से 15 वर्ष तक अनिवार्य बुनियादी शिक्षा, 15 वर्ष से नियमित काम और 18 वर्ष तक खतरनाक काम से सुरक्षा। वृद्धावस्था की सहायता मुख्यतः अंशदान-आधारित है; दीर्घकालिक देखभाल और पारिवारिक लाभों के लिए कोई सत्यापित राष्ट्रव्यापी व्यवस्था नहीं है।
सुझाव
हैती में जीवन के अलग-अलग चरणों की सहायता को सुनिश्चित सार्वजनिक सेवा मानकर नहीं, बल्कि मामले के अनुसार बनाई जाने वाली योजना मानकर चलें। पहले पहचान-दस्तावेज़ और तत्काल सुरक्षा सुनिश्चित करें; फिर हर ज़रूरत को जिम्मेदार संस्था, अंशदान रिकॉर्ड, आयु-शर्त या मानवीय सहायता के मार्ग से जोड़ें। परिवार के बजट में किसी सार्वभौमिक पारिवारिक लाभ, वृद्धावस्था भुगतान या दीर्घकालिक देखभाल सेवा को तब तक शामिल न करें जब तक उसकी पुष्टि न हो।

