घनी आबादी वाले शहरों, उपनगरों, कस्बों, एस्टेट क्षेत्रों और ग्रामीण समुदायों में आवास अलग-अलग होता है। शहरी क्षेत्रों में आम तौर पर अधिक अपार्टमेंट होते हैं, जबकि अन्य जगहों पर अलग घर और पारिवारिक परिसर आम हैं। बोर्डिंग आवास का अर्थ आम तौर पर किराये पर लिया गया कमरा होता है। अतिरिक्त आवास इकाई अक्सर मुख्य घर से जुड़ी या उसी संपत्ति पर बनी छोटी, स्वतंत्र इकाई होती है। सुविधाएँ और निजता बहुत अलग-अलग हो सकती हैं। किराये के समझौतों में किराया, जमा राशि, नोटिस, मरम्मत, मेहमान, पालतू जानवर और उपयोगिता बिल शामिल हो सकते हैं। पैसे देने से पहले हर महत्वपूर्ण शर्त लिखित रूप में स्पष्ट और समझी हुई होनी चाहिए। पानी की आपूर्ति, बिजली, खाना पकाने की व्यवस्था, कचरा संग्रह, इंटरनेट और मोबाइल नेटवर्क की सीधे जाँच करें। कोई संपत्ति देखने में उपयुक्त लग सकती है, जबकि उसकी रोज़मर्रा की सुविधाएँ कमजोर हों। उष्णकटिबंधीय गर्मी और नमी के कारण छाया, हवा का प्रवाह, छत की हालत, जल निकासी और फफूँद महत्वपूर्ण हैं। संपत्ति के आसपास मच्छरों के प्रवेश के रास्ते और जमा पानी भी जाँचें। मौसम के दौरान भारी बारिश से छत का रिसाव, बाढ़, सीलन और सड़क तक पहुँचने में कठिनाई सामने आ सकती है। पड़ोसियों से पिछली स्थितियों के बारे में पूछें और नालियों तथा ज़मीन के स्तर की जाँच करें। काम, स्कूल, दुकानों, स्वास्थ्य सेवाओं और सार्वजनिक परिवहन तक पहुँचने में लगने वाला समय रोज़मर्रा के खर्च और जीवन की गुणवत्ता को प्रभावित करता है। जिस समय आप आम तौर पर यात्रा करेंगे, उसी समय रास्ते को आज़माएँ। लिखित सूची और तारीख़ वाली तस्वीरें किरायेदार और मालिक, दोनों की सुरक्षा करती हैं। घर सौंपते समय दीवारों, फर्नीचर, उपकरणों, मीटरों, चाबियों और पहले से मौजूद नुकसान की हालत दर्ज करें।
श्रीलंका में आवास
श्रीलंका में आवास में घर, अपार्टमेंट, कमरे, किराये के बोर्डिंग आवास और किसी दूसरे घर से जुड़े या उसके पास बने अतिरिक्त आवास शामिल हैं। स्थान, पानी, हवादारी, परिवहन, बाढ़ का जोखिम और मालिक के साथ समझौता, दिखावट जितने ही महत्वपूर्ण हैं।
सुझाव
दिन के उजाले में घर देखें, उसकी ज़रूरी सेवाएँ जाँचें और भुगतान से पहले पूरा समझौता पढ़ें। जल निकासी, गर्मी, शोर, सुरक्षा और रोज़ाना की यात्रा को आवास की मुख्य लागतों में गिनें, छोटी बातें न समझें।

