ओमान में पर्यावरणीय परिस्थितियाँ तटीय शहरों, पहाड़ी गाँवों, नखलिस्तान बस्तियों और रेगिस्तानी क्षेत्रों के बीच अलग-अलग होती हैं। प्रकृति में शुष्क भू-दृश्य, मौसमी जलधाराएँ जिन्हें वाडी (wadi) कहा जाता है, मैंग्रोव, द्वीप और समुद्री आवास शामिल हैं। दक्षिणी ओमान के कुछ हिस्सों में मौसमी खरीफ़ (khareef) मौसम अधिक हरित परिस्थितियाँ पैदा करता है, जबकि फलज (falaj) प्रणालियाँ कुछ बस्तियों और कृषि क्षेत्रों में जल वितरित करती हैं। घरों और कार्यस्थलों के आसपास की जगहों में सड़कें, इमारतें, खेत, समुद्रतट और साझा सार्वजनिक स्थान शामिल हैं। इन स्थानों का सुरक्षित और व्यावहारिक उपयोग करने के लिए गर्मी के संपर्क, जल की उपलब्धता, धूल, कचरा प्रबंधन, यातायात और बाढ़ के जोखिम पर ध्यान देना आवश्यक है। कोई वाडी लंबे समय तक सूखी रह सकती है, लेकिन भारी वर्षा के बाद उसमें तेज़ बहता पानी आ सकता है। तटीय स्थानों पर तटरेखा की परिस्थितियों, समुद्री पारिस्थितिक तंत्रों और तूफ़ानों या अधिक तापमान के संपर्क पर भी विचार करना आवश्यक है। इसलिए ओमान के पर्यावरण की देखभाल में प्राकृतिक आवासों की रक्षा करना और निर्मित क्षेत्रों को स्वच्छ, उपयोग योग्य तथा स्थानीय जलवायु परिस्थितियों के अनुकूल बनाए रखना शामिल है।
पर्यावरण: ओमान में
ओमान का पर्यावरण प्राकृतिक भू-दृश्यों और उन स्थानों का संयोजन है जहाँ लोग रहते, काम करते और यात्रा करते हैं। रेगिस्तान, पहाड़, वाडियाँ, समुद्रतट, द्वीप और समुद्री आवास शहरों, खेतों, सड़कों और सार्वजनिक स्थानों के साथ मौजूद हैं। गर्मी, सीमित जल, धूल, कचरा और अचानक आने वाली बाढ़ पूरे देश में भूमि और इमारतों के उपयोग को प्रभावित करते हैं।
सुझाव
ओमान में पर्यावरणीय योजना को स्थान-विशिष्ट निर्णय मानें, क्योंकि तटीय शहरों, पहाड़ी गाँवों, नखलिस्तान बस्तियों और रेगिस्तानी क्षेत्रों की परिस्थितियाँ अलग-अलग होती हैं। जल की उपलब्धता, गर्मी, धूल, कचरे, यातायात और बाढ़ के जोखिम को प्राथमिकता दें और किसी वाडी का आकलन केवल उसके सूखे दिखाई देने के आधार पर न करें। पास के आवासों की रक्षा करते हुए आसपास के स्थान को सुरक्षित, स्वच्छ और उपयोग योग्य बनाए रखें।

